डीएलएड में भतीजे की जगह चाचा दे रहा था परीक्षा, फोटो मिसमैच से खुली पोल, भतीजे की अंग्रेजी कमजोर है इसलिये दे रहा था परीक्षा
ग्वालियर. डीएलएड प्रथम वर्ष की परीक्षा के बीच एक बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। अंग्रेजी विषय की परीखा में असली परीक्षार्थी की जगह बैठकर उत्तर पुस्तिका लिख रहे एक सॉल्वर को एग्जामनर ने रंगे हाथों पकड़ लिया। आरोपी रिश्ते में परीक्षार्थी का चाचा बताया जा रहा है। जो भतीजे के स्थान पर बैठकर परीक्षा दे रहा था। परीक्षा केन्द्र की शिकायत पर पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी और परीक्षा अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की है। मामला 22 जून का है। फर्जी परीक्षार्थी का रोल नम्बर 36141704 है। गोला का मंदिर थाना इलाके की काल्पीब्रिज कॉलोनी स्थिति शासकीय बालक उच्चतर माध्यमिक विधालय में डीएलएड प्रथम वर्ष की परीक्षा आयोजित की जा रही थी।
फोटो मिसमैच से खुला फर्जीवाड़ा
एग्जामनर ने जब प्रवेश पत्र और आधार कार्ड की जांच की तो सामने आया है कि परीक्षा हॉल में बैठा हुआ युवक असली परीक्षार्थी मोनू धाकड़ नहीं है। वह सोनू का रिश्ते का चाचा संतोष धाकड पुत्र रामविलास धाकड़ निवासी ग्राम चौकी कैलारस था। संतोष धाकड़, मोनू का प्रवेश पत्र और आधार कार्ड लेकर परीक्षा केन्द्र पर पहुंचा था। उसकी जगह बैठकर उत्तर पुस्तिका लिख रहा था। एग्जामनर ने तत्काल इसकी जानकारी केन्द्राध्यक्ष और अधिकारियों का दी। जिसके बाद आरोपी को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया गया।
चाचा बोला- भतीजे की अंग्रेजी कमजोर
पुलिस पूछताछ में आरोपी संतोष धाकड़ ने बताया कि मोनू उसका भतीजा है। उसकी अंग्रेजी कमजोर है, इसलिए वह उसकी जगह अंग्रेजी का पेपर देने पहुंच गया था। आरोपी ने पुलिस को बताया कि उसे अंदाजा नहीं था कि यह इतना बड़ा अपराध बन जाएगा।
गोला का मंदिर थाना प्रभारी धर्मेंद्र यादव ने बताया कि डीएलएड परीक्षा में दूसरे व्यक्ति के स्थान पर परीक्षा देते हुए संतोष धाकड़ को पकड़ा गया है। उसने असली परीक्षार्थी के प्रवेश पत्र और आधार कार्ड का उपयोग कर परीक्षा केंद्र में प्रवेश किया था। उन्होंने बताया कि वीक्षक की सतर्कता से फर्जीवाड़ा पकड़ा गया। दोनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि परीक्षा देने के लिए दोनों के बीच किसी तरह का लेनदेन हुआ था या नहीं।

