वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई के बलिदान से मिली आजादी की प्रेरणा-कांग्रेस
वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई के बलिदान दिवस पर कांग्रेस का भव्य चल समारोह
ग्वालियर 18 जून। वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई के बलिदान दिवस के पर प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी शहर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सुरेन्द्र यादव के नेतृत्व में भव्य वीरांगना लक्ष्मीबाई चल समारोह निकाला गया। वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई के अद्वितीय बलिदान को नमन करते हुए उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। चल समारोह प्रारंभ होने से अध्यक्ष सुरेन्द्र यादव सर्राफा बाजार स्थित अमर शहीद अमर चंद बांटिया की प्रतिमा स्थल पहुंचे, जहां उन्होंने माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके उपरांत कांग्रेस भवन, शिंदे की छावनी से वीरांगना लक्ष्मीबाई चल समारोह प्रारंभ हुआ, जो फूलबाग एवं एमएलबी रोड से होते हुए वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई की समाधिस्थल पहुंचकर संपन्न हुआ। समाधि स्ािल पर सभी कांग्रेसजनों ने पुष्प अर्पित कर राष्ट्र की इस महान वीरांगना को भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई का बलिदान केवल झांसी की रक्षा का संघर्ष नहीं था, बल्कि भारत की स्वतंत्रता के लिए उठी वह पहली प्रचंड ज्वाला थी जिसने पूरे देश में आजादी की चेतना जगाई। 1857 के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम में रानी लक्ष्मीबाई ने अंग्रेजी सत्ता को चुनौती देकर भारतीयों के आत्मसम्मान को नई ऊर्जा प्रदान की। उनके बलिदान की प्रेरणा ने आगे चलकर स्वतंत्रता आंदोलन को मजबूत आधार दिया।
आज आवश्यकता है कि हम वीरांगना लक्ष्मीबाई के त्याग, साहस और राश्ट्रसेवा के आदर्शों को अपने जीवन में आत्मसात करें तथा संविधान, लोकतंत्र, सामाजिक न्याय और राष्ट्रीय एकता की रक्षा के लिए संकल्पित होकर कार्य करें। यही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। कांग्रेस पार्टी सदैव देश की स्वतंत्रता, लोकतांत्रिक मूल्यों और सामाजिक समरसता की रक्षा के लिए संघर्षरत रही है और आगे भी राष्ट्रहित सर्वोपरि की भावना के साथ कार्य करती रहेगी। वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई के बलिदान से प्रेरणा लेकर देश और समाज के निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं।
वीरांगना को श्रृद्धांजली अर्पित करने वालो में पूर्व मंत्री बालेंदू शुक्ला, विधायक डॉ. सतीश सिकरवार, प्रदेश महासचिव सुनील शर्मा, संजय सिंह राठौर, महाराज सिंह पटेल, घनश्याम राजपूत, चरन सिंह लोधी सहित अनेक कांग्रेस जन सम्मलित थे।

