हत्या का मामला दर्ज कराने की मांग को लेकर परिजनों ने किया चक्काजाम, एएसपी सत्येन्द्रसिंह तोमर के आश्वासन पर माने परिजन
ग्वालियर. एक युवक की संदिग्ध हालत में हुई मौत के बाद परिजनों ने हंगामा कर सड़क पर चक्काजाम कर दिया। सड़क पर लाश रखकर आक्रोशित परिजन हत्या का मामला दर्ज करने पर अड़े हुए थे। शनिवार की शाम तक कम्पू के कस्तूरबा गांधी चौरहा पर हंगामा चलता रहा। हुआ यह था कि शुक्रवार की सुबह एक युवक को ठेकेदार मजदूरी कराने के लिये लेकर निकला था। पर रात को ठेकेदार के खेत में बने हुए कुएं में मजदूर का शव पड़ा मिला। घटनास्थल से पुलिस ने तत्काजल शव को उठवा कर पोस्टमार्टम हाउस में रखवा दिया। शनिवार को जब पोस्टमार्टम के बाद शव परिजन को मिला तो उन्होंने कंपू के कस्तूरबा चौराहा पर लाश रखकर चक्काजाम कर दिया। भीम आर्मी के सदस्य भी इस चक्काजाम में शामिल थे। 3 घंटे तक हंगामा चलता रहा। परिजन की मांग थी कि ठेकेदार पर हत्या का मामला दर्ज किया जाये। पुलिस अधिकारियों ने जब मौके पर पहुंच कर समझाया और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद हत्या का मामला दर्ज करने का आश्वासन दिया, तब जाकर परिजन माने हैं।
क्या है पूरा घटनाक्रम
कंपू स्थित नौगांव निवासी 30 वर्षीय प्रदीप जाटव पुत्र विजय सिंह जाटव पेशे से मजदूर है। शुक्रवार सुबह गांव का ही ठेकेदार देवेन्द्र गुर्जर उसे काम करने अपने खेत पर ले गया था। रात को देवेन्द्र ने उसके घर फोन कर सूचना दी कि प्रदीप कहीं मिल नहीं रहा था। जब उसकी तलाश की तो वह उसके ही खेत में बने कुएं में पड़ा मिला था। यह सूचना मिलते ही परिजन वहां पहुंचेए लेकिन उससे पहले पुलिस पहुंच गई थी और शव को निगरानी में लेकर पोस्टमार्टम के लिए पहुंचा दिया। शनिवार की दोपहर पोस्टमार्टम के बाद शव परिजन के सुपुर्द कर दिया गया। परिजन प्रदीप की मौत पर आक्रोशित थे। परिजन का कहना था कि जब उसे कोई परेशानी नहीं थी तो वह कुएं में कूद नहीं सकता और कुएं में गिरने से हादसा हुआ नहीं है। इसलिए साफ है कि देवेन्द्र गुर्जर से कुछ विवाद हुआ है और प्रदीप की हत्या की गई है। पुलिस इसे हत्या नहीं मान रही थी।
सड़क पर लाश रखकर 3 घंटे किया चक्काजाम
पुलिस ने जब मामले को हत्या का नहीं माना तो प्रदीप के परिजन ने शनिवार दोपहर पोस्टमार्टम हाउस से शव को ले जाकर शहर के मुख्य चौराहा कस्तूरबा गांधी चौराहा पर रखकर ट्रैफिक रोक दिया। साथ ही भीम आर्मी के सदस्य भी चक्काजाम में शामिल हो गए। हंगामा और चक्काजाम की सूचना मिलते ही एएसपी सतेन्द्रसिंह तोमर व अन्य अफसर मौके पर पहुच गए। पुलिस अफसरों ने समझाने का प्रयास किया। मृतक के परिजन का कहना था कि पहले देवेन्द्र गुर्जर पर हत्या का मामला दर्ज किया जाए और थ्प्त् की कॉपी हमारे हाथ में दी जाए। इसके बाद ही वह रास्ते से हटेंगे। करीब 3 घंटे तक समझाना चलता रहा। आखिर में ।ैच् शहर सतेन्द्र सिंह तोमर ने आश्वासन दिया कि वह पोस्टमार्टम रिपोर्ट में जो भी बात निकलकर आएगी उस आधार पर मामला दर्ज किया जाएगा।
भीम आर्मी ने पुलिस पर लगाया आरोप
भीम आर्मी के सदस्य राहुल बाल्मीक ने आरोप लगाया है कि लगातार दलितों पर अत्याचार हो रहे हैं। जो ठेकेदार काम कराने ले गया था उनके कुएं में बॉडी मिली है। पर पुलिस ने भाजपा सरकार के दबाव में मामला दर्ज नहीं कर रही है, पर जब तक हत्या का माला दर्ज नहीं होगा। हम नहीं हटेंगे। कलेक्टर, एसपी को बुलाने की मांग की है। मृतक के भाई गजेन्द्र सिंह ने बताया है कि शुक्रवार की रात को कुएं में शव मिलने के बाद भी पुलिस ने अभी तक कोई एफआईआर दर्ज नहीं की है।

