सहकारिता मंत्री का भतीजा धनेली गांव में मामा के यहां दोस्तों के साथ मिला, एप्पल का मोबाइल खरीदा, दोस्तों को शॉपिंग करवाई
ग्वालियर. शताब्दीपुरम से पिता की तिजोरी लेकर गायब हुए 17 वर्षीय किशोर को पुलिस ने रविवार की तड़के मुरैना जिले के धनेली गांव से बरामद कर लिया है। किशोर संदेही धीरेंद्र गुर्जर के मामा के यहां दोस्तों के साथ सोता मिला था। किशोर घर से तिजोरी ले जाने के बाद दोस्तों के साथ पहाड़ी गांव पहुंचा। इन लोगों ने सबसे पहले तिजोरी तोड़कर उसमे रखे 8 लाख रुपए समेट लिए, तिजोरी में रखे सोने-चांदी के गहने व हीरे संदेही के पिता रामेश्वर गुर्जर के सुपुर्द कर वीडियोकोच में बैठकर दिल्ली निकल गए। शनिवार को दिल्ली में दो लाख की शॉपिंग कर इनोवा से वापस लौट आए। पुलिस ने धीरेंद्र के पिता के घर से 25 लाख रुपए से अधिक की कीमत के गहने व 6 लाख रुपये बरामद कर लिए है। गायब हुआ किशोर दूर के रिश्ते में सहकारिता मंत्री अरविंद भदौरिया का भतीजा लगता है।
मंत्री का नाम जुड़ने के बाद पुलिस अधिक हरकत में आई
गायब किशोर के स्वजन द्वारा एसपी ऑफिस पर हंगामा करने व सहकारिता मंत्री का नाम जुड़ने के बाद रात को पुलिस अधिक हरकत में आई। सीएसपी रवि भदौरिया व महाराजपुरा थाना प्रभारी मिर्जा आसिफ बेग का पूरा फोकस किशोर व संदेहियों तक पहुंचने का था। संदेहियों व उनके नजदीकी लोगों के मोबाइल सर्विसलांस पर लगाने पर पुलिस को पता चला कि किशोर उसका साथी धीरेंद्र गुर्जर मुरैना जिले के धनेली गांव में है। किशोर के घरवालों ने धनेली गांव में रिश्तेदारी होने से इंकार किया। धीरेंद्र की रिश्तेदारी खोजने पर पता चला कि उसके मामला धनेली गांव में रहते है। मामा के घर सुबह 4 बजे पुलिस ने दबिश देकर किशोर के साथ धीरेंद्र गुर्जर उसके भाई रवींद्र व दोस्त पोचू को पकड़ लिया किशोर व उसके दोस्तों को थाने लाकर पूछताछ की।
सवा लाख रुपये की कीमत का एप्पल का मोबाइल खरीदा
किशोर ने बताया कि योजना के मुताबिक तिजोरी लेकर घर से निकलने के बाद उसके दोस्त कार लेकर घर से कुछ ही दूरी पर मिल गए। यह लोग सीधे धीरेंद्र के गांव पहुंचे जहां छैनी-हथौड़े से तिजोरी तोड़कर गहने व रुपये निकाल लिए। रुपये इन लोगों ने अपनी जेबों में भर लिए और गहने धीरेंद्र के पिता रामेश्वर को थमा दिए उसके बाद यह लोग वीडियोकोच बस से दिल्ली निकल गए। शनिवार को इन लोगों ने मौज मस्ती की। किशोर ने सवा लाख रुपये की कीमत का एप्पल का मोबाइल खरीदा, 17 हजार 400 रुपये के ब्रांडेड जूते खरीदे, वहीं किशोर ने दोस्तों के लिए भी ब्रांडेड कपड़े खरीदे और महंगे होटल में खाना खाया। दिन भर घूमने के बाद इन लोगों ने ग्वालियर वापस आने के लिए किराये की इनोवा की। यहां आने के बाद स्टेशन के पास स्थित एक गेस्ट हाउस में रूक गए। दूसरी तरफ पुलिस ने धीरेंद्र व उसके घरवालों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया। मामा ने संपर्क कर दोनों भांजों व उसके दोस्तों को छिपाने के लिए मुरैना अपने गांव धनेली बुला लिया। मामा की योजना रविवार की सुबह इनको अंचल से बाहर भगाने की थी। इसी बीच पुलिस को इनकी सूचना मिल गई। पुलिस ने किशोर को बरामद कर लिया है और पुलिस ने धीरेंद्र के पिता रामेश्वर के पास से गहने बरामद कर लिए है। रामेश्वर पुलिस को अब नई कहानी सुना रहा है और उसका कहना है कि किशोर ने उससे एक लाख रुपये लिए थे इसलिए वह गहने उसे दे गया था, वहीं पुलिस सच्चाई का पता लगाने के लिए पड़ताल कर रही है।

