पुलिस ने अंतरराज्यीय चोर गिरोह पकड़ा, 10 राज्यों में 70 से ज्यादा वारदात कर चुका है गिरोह
इंदौर. पुलिस को मंगलवार को एक बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने अंतरराज्यीय चोरों के गिरोह को पकड़ा है और इसमें चार लोग शामिल हैं। इस अंतरराज्यीय गिरोह ने 10 राज्यों में 70 से ज्यादा वारदात कर चुका है। वारदातों से हासिल धन का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इस गिरोह के सदस्यों ने खुद का भोपाल में लक्जरी फार्म हाउस भी है। पकड़े गए आरोपितों के नाम अनूप सिंह, अभिषेक सिंह और अमित सिंह हैं। एक आरोपित फरार है। पुलिस उसके बारे में पूछताछ कर रही है। आरोपित मूलत: बिहार के रहने वाले हैं और इस समय भोपाल रहते थे। आरोपितों ने संयुक्त संचालक राजीव निगम के घर में भी चोरी कि थी। पुलिस ने इनके पास से बड़ी मात्रा में सोना-चांदी के जेवर, वाकी-टाकी, जाली काटने का कटर, कई घड़ियां, सोना जांचने की कसोटी, सोना गलाने की इलेक्ट्रिक मशीन आदि सामान जब्त किया है।
नागपुर, महाराष्ट्र में 17 से ज्यादा चोरियों के मामले दर्ज
आरोपित पाश कॉलोनियों में चोरी करते थे। गिरोह में शामिल चार लोगों में से दो लोग वारदात को अंजाम देने के लिए घरों के अंदर घुस जाते थे और दो बाहर खड़े रहकर ही निगरानी रखते थे। आरोपित गिरोह के सदस्य वाकी टाकी लेकर चलते थे। बाहर खड़े आरोपित वाकी-टाकी से निर्देश देते थे। वहां से निकलने वाला या आस-पड़ोस से कोई पूछता तो बोलते थे की वो सर्वे करने वाली कंपनी के कर्मचारी है। गिरोह के नाम नागपुर, महाराष्ट्र में 17 से ज्यादा चोरियों के मामले दर्ज हैं। इनकी वहां कुछ महीने पहले गिरफ्तारी भी हुई थी। इसके अलावा उज्जैन में भी इनकी गिरफ्तारी हुई थी। दोनों ही बार वह जमानत पर रिहा हो गए थे।
लक्जरी फार्म हाउस है गिरोह के सदस्यों का
पकड़े गए आरोपितों का भोपाल में लक्जरी व सर्वसुविधायुक्त फार्म हाउस है। इस फार्म हाउस के कमरों में एसी लगा है, टीवी, फ्रीज, स्वीमिंग पूल, घोड़ों का अस्तबल सभी कुछ है।
सरकारी नौकरी में हैं पिता
गिरोह के सदस्यों के पिता सरकारी नौकरी में हैं। कोई सरकारी विभाग में गाड़ी चलाता है, तो कोई चपरासी है।

