मप्र में डॉक्टर्स व इंजीनियर्स को प्रमोशन के बाद भी मिलेगा समयमान वेतनमान का लाभ, आदेश जारी
भोपाल. मध्यप्रदेश में अब डॉक्टर्स और इंजीनियर को प्रमोशन के बाद भी सेवाकाल में समयमान वेतनमान का लाभ दिया जाएगा। शिवराज सरकार के इस फैसले से 47 हजार कर्मचारियों को फायदा होगा। समयमान वेतनमान के नियमों में परिवर्तन करते हुए वित्त विभाग ने आदेश जारी कर दिया है। यह व्यवस्था तत्काल प्रभाव से पूरे प्रदेश में लागू की जाएगी।
फायदा उन कर्मचारियों को भी जिन्हें सितंबर 2014 तक केवल दो समयमान वेतनमान मिले
समय-समय हुए संशोधनों की वजह से इंजीनियरिंग और डॉक्टर्स को 28 साल की सेवा के बाद होने वाली पदोन्नति के बाद भी समयमान वेतनमान का लाभ नहीं मिल पा रहा था इसको लेकर डॉक्टर्स और इंजीनियर्स पिछले कई वर्षों से मांग कर रहे थे जिसको देखते हुए यह फैसला लिया गया है। इसका फायदा उन कर्मचारियों को भी मिलेगा जिन्हें सितंबर 2014 तक केवल दो समयमान वेतनमान मिले है।
25 हजार अधिकारी- यदि किसी अधिकारी को नौकरी में आने के 5 साल बाद प्रमोशन मिल जाता है तो उसे दूसरे समयमान वेतनमान के 13 साल पूरे होने पर और तीसरा 14 साल बाद यानी 27 साल की सेवा के बाद दिया जाएगा। यदि किसी अधिकारी को 20 साल में दूसरी प्रमोशन मिलती है तो उसे तीसरा समयमान वेतनमान 30 साल की नौकरी के बाद दिया जाएगा।
12 हजार सब इंजीनियर- अभी तक 20 और 22 साल की सेवा के बाद असिस्टेंट इंजीनियर के पद पर प्रमोशन मिल रहा था लेकिन इसके बाद तीसरा मसयमान वेतनमान का कोई प्रावधान नहीं था। नई व्यवस्था के हिसाब से उन्हें 28 साल की सेवा में तीसरा समयमान यानी कार्यकारी अभियंता (ईई) का वेतनमान मिल जाएगा।
10 हजार डॉक्टर्स- मेडिकल अफसर से स्पेशलिस्ट के पद पर प्रमोशन के समयमान वेतनमान दिया जाएगा। यदि किसी डॉक्टर्स को 8 साल में पहली प्रमोशन दी जाती है तो उसे दूसर समयमान-वेतनमान 18 साल की सेवा के बाद और तीसरा 30 साल की सेवा के बाद दिया जाएगा।

