ईरान के न्यूक्लियर ठिकानों पर भीषण साइबर हमला, अनहोनी के संदेह से सहमी दुनिया
नई दिल्ली. ईरान और इजरायल के बीच चल रहे मौजूदा तनाव के चलते एक बड़ी खबर सामने आ रही है। शनिवार को ईरान के न्यूक्लियर साइट्स समेत कई प्रतिष्ठानों पर एक साथ साइबर हमला हुए हैं। इन साइबर हमलों के बीच ईरान सरकार की लगभग सेवायें बाधित हुई है। ऐसा कहा जा रहा है कि ईरान पर यह इजरायल का जवाबी हमले की दिशा में पहला कदम है। इतना ही नही सायबर हमले में ईरान के परमाणु प्रतिष्ठकानों को भी निशाना बनाया गया है। यह घटना ऐसे में समय में हुई है। जब 1 अक्टूबर को ईरान के मिसाइल हमले के खिलाफ इजरायल के जवाबी कार्यवाही करने का ऐलान किया था।
इजरायल ने दी थी चेतावनी
इससे पहले इजरायल के रक्षामंत्री ने बुधवार को चेतावनी दी कि हाल ही में हुए ईरानी मिसाइल अटैक का जवाब जरूर दिया जायेगा। उन्होंने कहा यह उनके देश की जवाबी कार्यवाही ‘‘घातक’’ और आश्चर्यजनक’’ होगी। आपको बता दें कि इजरायल ने उत्तरी गाजा के बाद अब लेबनान में हिज्बुल्लाह लड़कों के खिलाफ जमीनी हमला किया है। 1 अक्टूबर को ईरान ने इजरायल पर हमला किया और उसके बाद इजरायल ने ईरान को करारा जवाब देने का ऐलान कर दिया और इसके बाद से सारी दुनिया इजरायल के पलटवार से डरी हुई है। क्योंकि इजरायल का ईरान पर सीधा हमला मिडिल ईस्ट में महायुद्ध की शुरूआत करवा सकता है लेकिन बड़ी बात यह है कि इजरायल की ओर से ईरान के हमले के इतने दिन बाद भी सिर्फ धमकियां दी जा रही हैं। इजरायल ईरान को कह रहा है कि वह ऐसा हमला करेगा कि वह याद रखेगा। लेकिन सवाल यह है कि वह हमला कैसा होगा? आंखिर इजरायल को जवाब देने में इतना समय क्यों लग रहा है?
ईरान के हर सेक्टर पर हुआ हमला
ईरान के साइबर स्पेस की सर्वोच्च परिषद के पूर्व सचिव फिरोजाबादी ने घोषणा की कि न्यायपालिका, विधायिका और कार्यपालिका समेत ईरान के करीब सभी सरकारी बलों को गंभीर साइबर अटैक और सूचना चोरी का सामना करना पड़ा है। ईरान इंटरनेशनल के मुताबिक, ईरान की सुप्रीम काउंसिल ऑफ साइबरस्पेस के पूर्व सचिव फिरोजाबादी ने कहा, ईरान सरकार की करीब हर सेक्टर-न्यायापालिका, विधायिका और कार्यपालिका-इन साइबर हमलों से प्रभावित हुई है। इस कारण से अहम जानकारियां भी चोरी हो गयी है। उन्होंने कहा-हमारे परमाणु संयंत्रों के साथ -साथ ईधन वितरण, नगरपालिका सेवायें, परिवहन और बंदरगाह जैसे महत्वपूर्ण नेटवर्क पर भी साइयबर हमला हुआ है। यह घटनायें देशभर में फैली कई क्षेत्रों का एक छोटा साथ हिस्सा मात्र है।

