Railway ने 38 भ्रष्ट अधिकारी किये बर्खास्त
नई दिल्ली. भारतीय रेलवे की ओर से अब तक सबसे बड़ी कार्यवाही की गयी है। रेलवे ने पिछले 16 माह के दौरान हर 3 दिन में एक ‘‘निकम्मे या भ्रष्ट अधिकारी’ को बर्खास्त कर बाहर का रास्ता दिखाया है। इसके अलावा 139 अधिकारियों पर स्वैच्छिक (VRS) के लिये दबाव डाला जा रहा है जबकि 38 को बर्खास्त कर दिया गया है। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक एक दिन पूर्व ही वरिष्ठ स्तर के 2 अधिकारियों को हटाया गया है।
5 लाख रूपये की रिश्वत के गिरफ्तार
ऐसा बताया गया है कि इनमें से एक को केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने हैदराबाद में 5 लाख रूपये की रिश्वत के साथ जबकि दूसरे को रांची में 3 लाख रूपये की रिश्वत के साथ गिरफ्तार किया था। एक अधिकारी ने बताया कि रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव ‘‘काम करो नही तो हटो’’ के अपने संदेश के बारे में बहुत स्पष्ट है। हमने जुलाई 2021 से हर 3 दिन में रेलवे के एक भ्रष्ट अधिकारी को बर्खास्त किया है। रेलवे के इस फैसले के बाद कर्मचारियों के बीच खल-बली मयी हुई है।
WT की धरपकड़ में 9700 केस में 68 लाख रूपये वसूले
छूसरी ओर पूर्व मध्यरेल (East Central Railway) ने बिना टिकट यात्रा करने वालों पर लगातार सख्ती कर रहा है। बिना टिकिट सफर करने वालों के खिलाफ सख्ती से अभियान चलाया जा चलाया रहा है। इसी के मद्दे नजर पूर्व मध्य रेलवे ने 22 नवम्बर को समस्तीपुर मण्डल में सुबह 5 से रात 11 बजे तक स्पेशल टिकट चेकिंग अभियान चलाया था। इस बीच 9700 प्रकरणों में कुल 68 लाख रूपये की राशि वसूली गयी।

