Manish Sisodia के यहां ही नहीं, दिल्ली के इन 11 अधिकारियों का भी हुआ सीबीआई से सामना, घर पर पडी रेड

नई दिल्ली. CBI ने दिल्ली आबकारी नीति मामले में FIR दर्ज करने के बाद दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया, IAS अधिकारी आरव गोपी कृष्ण के परिसर समेत दिल्ली-एनसीआर और अन्य राज्यों में 21 ठिकानों पर शुक्रवार को छापा मारा है।
आरव गोपी के आलवा भी कई अन्य अधिकारी CBI की राडार पर थे। जिनके यहां रेड़ पड़ी । CBI ने पिछले साल नवम्बर में लायी गयी दिल्ली आबकारी नीति बनाने और उसके क्रियान्वयन में कथित अनियमितताओं के संबंध में एक एफआईआर दर्ज की है। छापेमारी के दौरान सीबीआई की टीमें 21 ठिकानों पर पहुंची है। जिसमें सिसोदिया और AGMUT काडर के 2012 बैच के आईएएस अधिकारी और पूर्व आबकारी आयुक्त कृष्ण समेत 11 अधिकारियों के परिसर भी शामिल है।

इन अधिकारियों के यहां पड़ी CBI की रेड
आरव गोपी कृष्णा (आईएएस एजीएमयूटी 2012) आनंदकुमार तिवारी, पंकज भटनागर, नरिंदर सिंह, नीरज गुप्ता, कुलजीत सिंह, सुभाष रंजन सुमन, सत्यब्रत भार्गव, सचिन सोलंकी, गौरव मान। आपको बता दें कि आनंद तिवारी ने ही नयी एक्साइज पॉलिसी लागू करवाने में अहम भूमिका निभाई थी। 6 अगस्त 2022 को एलजी ने 11 आबकारी अधिकारियों को निलंबित किया था। यह सभी इस नयी पॉलिसी को लागू करवाने में शामिल थे। इन सभी की भूमिका की जांच के लिये इन सभी से सीबीआई पूछताछ कर रही है।
केन्द्र के इशारे पर CBI काम कर रही है-मनीष सिसोदिया
सूत्रों ने बताया है कि सीबीआई की एक टीम ने सिसोदिया के घर से कई जरूरी कागजात बरामद किये और उनको स्कैन कर रही है। सूत्रों ने बताया कि छापेमारी 7 राज्यों में चल रही है और शाम तक चल सकती है। मनीष सिसोदिया ने दावा किया है कि वह निर्दोष है और सीबीआई केन्द्र के इशारे पर काम कर रही है।

