MP में छिड़ेगा ज्ञानवापी जैसा विवाद:भोपाल की जामा मस्जिद में शिव मंदिर होने का दावा
भोपाल. भोपाल के चौक बाजार स्थित जामा मस्जिद को लेकर भी विवाद छिड़ गया है। संस्कृति बचाओ मंच का दावा है कि मस्जिद में शिव मंदिर है। इसका जिक्र उर्दू में लिखी 688 पेज की बुक ‘हयाते कुदसी’ में होने की बात कही है। इसका जिक्र उस किताब में है जो खुद मंदिर तोड़ने वाली महिला शासक ने लिखी थी। इस आधार पर आज याचिका भी लगाए जाने की तैयारी है। ये बुक हिंदी और अंग्रेजी दोनों में ट्रांसलेटेड है। इधर, UP के वाराणसी में ज्ञानवापी मस्जिद का मामला देश भर में सुर्खियों में है। अब भोपाल में भी मस्जिद में मंदिर होने का दावा किया जा रहा है।
तीन दिशा से एंट्री, अंदर से आकर्षक, लाल रंग के पत्थरों से बनी
जामा मस्जिद चौक बाजार में है। यह मस्जिद लाल रंग के पत्थरों से निर्मित है। इसका निर्माण भोपाल राज्य की 8वीं नवाब परिवार की शासक कुदसिया बेगम ने करवाया था। यह मस्जिद दिल्ली की जामा मस्जिद की तरह ही चार बाग पद्धति पर आधारित है। नौ मीटर वर्गाकार ऊंची जगह पर निर्मित इस मस्जिद के चारों कोनों पर ‘हुजरे’ बने हैं। इसमें तीन दिशाओं से प्रवेश द्वार हैं। अंदर बड़ा आंगन है। पूर्वी एवं उत्तरी द्वार के मध्य हौज है। यहां का प्रार्थना स्थल अर्द्ध स्तंभ एवं स्वतंत्र स्तंभ पर आधारित है।
मस्जिद को लेकर ये दावा, कोर्ट में पिटीशन लगाई
वाराणसी (UP) की ज्ञानवापी मस्जिद को लेकर छिड़े विवाद के बीच भोपाल की जामा मस्जिद में शिव मंदिर होने का दावा संस्कृति बचाओ मंच ने किया है। इसके बाद यह मामला चर्चा में आ गया है। मंच ने सरकार से ज्ञानवापी मस्जिद की तर्ज पर सर्वे कराने की मांग की है। मंच के अध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी ने बताया कि मंदिर को तोड़कर मस्जिद का निर्माण कराया था। कुदसिया बेगम ने अपनी बुक में भी यह उल्लेख किया है। कोर्ट में भी पिटीशन लगाने की तैयारी है। वीर शिवाजी जागृति मंच के अध्यक्ष सुधीर मानें ने बताया कि सर्वे कराने से तस्वीर साफ हो जाएगी, इसलिए सर्वे होना चाहिए।

