जिला प्रशासन की मौजदूगी में मंत्री उड़ा रहे थे सोशल डिस्टेंसिंग की धज्जियां, ज्योतिरादित्य सिंधिया ने की एम्बूलेंस पॉलिटिक्स
ग्वालियर. मोतीमहल परिसर के स्मार्टसिटी ऑफिस परिसर में राज्यसभा सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया, शिवराज सरकार के 3 मंत्री, पूर्व मंत्री व सांसद ने कोविड़ गाइडलाइन का जमकर मजाक उड़ाया है। जिले में रूल ऑफ सिक्स लागू है। मतलब एक साथ 6 लोग से अधिक मिलने पर धारा 144 का उल्लघंन माना जाता है। पर मोतीमहल परिसर में एम्बूलेंस वितरण समारोह के मंच पर ही 10 लोग शान से बैठे हुए थे। कार्यक्रम के मंच पर मुख्यअतिथि कें रूप में ज्योतिरादित्य सिंधिया, ग्वालियर सांसद विवेक शेजवलकर और प्रदेश सरकार के 3 मंत्री प्रद्युम्नसिंह, ओपीएस भदौरिया, भारत सिंह आदि लोग शामिल थे। इतना ही नहीं किसी भी राजनीतिक, धार्मिक या अन्य कार्यक्रम पर रोक है और इसके बाद भी यह कार्यक्रम संपन्न हो गया। सैकड़ों की संख्या में कार्यकर्त्ता पहुंचे। पल-पल सोशल डिस्टेंस की धज्जियां उडती दिखाई दी।
यह है पूरा मामला
3 दिन के अंचल दौरे पर आए राज्यसभा सांसद व BJP नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया पर कोरोना संक्रमणकाल में लापता होने और गायब होने के आरोप लगते रहे हैं और यह आरोप कांग्रेस ने लगाए थे और साथ ही यह भी कहा था कि अनलॉक होते ही सिंधिया ग्वालियर में अपनी जनसेवा करने कूद पड़ेंगे। लगभग वैसा ही होता दिख रहा है।
शुक्रवार को ग्वालियर संभाग को 5 एम्बुलेंस देने के लिए एक कार्यक्रम किया गयाए लेकिन यह कार्यक्रम ने बता दिया कि सारी पाबंदियां और नियम सिर्फ आम लोगों, बाजारों और व्यापारियों पर लागू होते हैं। शुक्रवार की दोपहर मोतीमहल के कन्ट्रोल कमांड सेंटर में 5 एम्बुलेंस दान देने के लिए भव्य मंच सज गया।
जिले में संक्रमण को रोकने रूल ऑफ सिक्स लागू है। मतलब किसी भी स्थान पर 6 से ज्यादा लोग एकत्रित नहीं हो सकतेए लेकिन मंच पर खुद राज्यसभा सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया, ग्वालियर सांसद विवेक शेजवलकर व प्रदेश सरकार के 3 मंत्री प्रद्युम्न सिंह, ओपीएस भदौरिया, भारत सिंह कुशवाह व पूर्व मंत्री इमरतीदेवी, भाजपा जिलाध्यक्ष कमल माखीजानी मौजूद थे और नियमों की धज्जियां उड़ रही थीं। यह वो लोग हैं जिन पर जिम्मेदारी है कि संक्रमण को बढ़ने से रोका जाएए लेकिन यह खुद संक्रमण को आमद दे रहे थे।

मंच और पंडाल पर उड़ रही थी सोशल डिस्टेंस की धज्जियां
अभी जिले में सभी तरह के राजनीतिक कार्यक्रम पर प्रतिबंध हैं। ऐसे में यह कार्यक्रम कैसे हो गया, इसकी इजाजत सिर्फ 5 एम्बूलेंस सौंपने तक की ली गयी थी। लेकिन मंच संजाने और लगभग 2 सैकड़ा कार्यकर्त्ताओं और समर्थकों को बुलाने की नहीं थी। सिंधिया समर्थक भाजपाई अपना चेहरा सिंधिया को दिखाने के लिये पहुंचे थे। जिस वजह से वहां लगाये गये पण्डाल में भीड हो गयी। इस कार्यक्रम में पल-पल पर सोशल डिस्टेंस की धज्जियां उड़ रही थी। हर लाइन में 8 से 10 लोग बैठे हुए थे। रूल ऑफ सिक्स का तो पालन ही नहीं रहा था।
राजनीतिक रोटियां सेक रहे हैं सिंधिया
कांग्रेस ग्वालियर के अध्यक्ष देवेंद्र शर्मा ने कहा कि सिंधिया को सोचना चाहिए कि संक्रमण का दौर से शहर गुजरा है। तब आप आए नहीं और अब आकर इस तरह कार्यक्रम कर रहे हो। जिला प्रशासन को अब यह कार्यक्रम नहीं दिख रहा होगा। इस मामले को कांग्रेस पूरी ताकत से उठाएगी। इस कार्यक्रम के आयोजकों पर मामला दर्ज होना चाहिए।

क्या कांग्रेस इस कार्यक्रम को मुद्दा बनाएगी। जिला प्रशासन और पुलिस के अधिकारी इसको स्वंय संज्ञान में लेकर कोई कार्रवाई करेंगे। अभी इस मामले में कलेक्टर, एसपी कोई कुछ बोलने को तैयार नहीं है।

