प्रधानमंत्री की सभी विभागों को सचिवों के साथ हुई बैठक, 2 मुद्दों पर 4 घंटे चली चर्चा
नई दिल्ली. पीएम नरेन्द्र मोदी ने ‘‘सेवा तीर्थ’’ में भारत सरकार के सचिवों के साथ बातचीत की। यह बातचीत 2 अहम मुद्दों पर केन्द्रित थी। पहला मुद्दा था-ईज ऑफ डूइंग’’ बिजनेस यानी व्यापार में आसानी औरे ईज ऑफ लिविंग यानी जीवन यापन में आसानी के लिये नियमों में ढील और अन्य सुधार। वहीं दूसरा टॉपिक था-आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना।
बैठक में बातचीत के दौरान, सचिवों ने इन 2 अहम मुद्दों के अनुसार अपने मंत्रालयों और विभागों द्वारा उठाये जा रहे। अहम कदमों के बारे मे बताया, उन्होंने पीएम के विजन को ठोस नतीजों में बदलने के लिये चल रही। कोशिशों पर भी चर्चा की। इसके साथ ही, सेक्टर -स्पेसिफिक चुनौतियों पर चर्चा की और गवर्नेंस व सर्विस डिलेवरी को बेहतर बनाने के लिये अपनी भविष्य की रणनीतियों की रूपरेखा भी बताई।
विभागों के बीच तालमेल पर फोकस
पीएम ने होल-ऑफ-गवर्नमेंट यानी पूरी सरकार को एक ईकाई के रूप में देखने वाले नजरिये को अपनाने और विभागों के बीच बनी बाधाओं को तोड़ने की अहमियत पर जोर दिया। इंटीग्रेटेड प्लानिंग और तालमेल की अहमियत पर जोर देते हुए पीएम मोदी ने विभागों के बीच तालमेल और सही जानकारी के आधार पर फैसले लेने के लिये एक असरदार प्लेटफार्म के तौर पर पीएम गतिशक्ति के बड़े स्तर पर उपयोग को बढ़ावा दिया। पीएम ने सचिवों से कहा है कि वह इस पर फोकस करें कि योजनायें लोगों की पर गहरा असर डालें।

