बसंत और गीत थीम पर ‘सृजन पर्व’ में कथक की मनोहारी प्रस्तुति

ग्वालियर। राजा मानसिंह तोमर संगीत एवं कला विश्वविद्यालय, ग्वालियर के कथक नृत्य विभाग द्वारा आयोजित मासिक सांस्कृतिक श्रृंखला “सृजन पर्व” के अंतर्गत 14 मार्च को “बसंत और गीत” विषय पर आधारित कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर हवेली संगीत पर आधारित प्रसिद्ध बंदिश “खेलत बसंत ऋतु…” पर कथक नृत्य की भावपूर्ण प्रस्तुति हुई।
बसंत ऋतु का आगमन
यह बंदिश हवेली संगीत की परंपरा से संबंधित है, जिसमें बसंत ऋतु के आगमन, प्रकृति की नव सुषमा और कृष्ण-लीला से जुड़े उत्सवी वातावरण का सुंदर चित्रण मिलता है। इस प्रस्तुति के माध्यम से बसंत ऋतु की उल्लासपूर्ण भावना और भारतीय शास्त्रीय संगीत-नृत्य की समृद्ध परंपरा को मंच पर साकार किया गया।
इस कार्यक्रम में कथक नृत्य विभाग की छात्राएँ लावण्या गोयल, विजेता भदौरिया, अम्रपाली अंब, शिवानी शर्मा, मुस्कान सोनी, खुशी सूर्यवंशी, आन्या तथा सौम्या श्रीवास्तव ने सहभागिता की और अपनी सुंदर प्रस्तुति से बसंत के आनंदमय भावों को अभिव्यक्त किया।
कार्यक्रम की परिकल्पना, संयोजन एवं नृत्य निर्देशन छात्र कल्याण अधिष्ठाता डॉ. अंजना झा का रहा। इस अवसर पर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. स्मिता सहस्त्रबुद्धे, कुलसचिव तथा वित्त नियंत्रक डॉ. आशुतोष खरे ने विद्यार्थियों के इस सांस्कृतिक प्रयास की सराहना करते हुए अपनी शुभकामनाएँ प्रेषित कीं।

