लगातार हो रही तत्काल टिकटों की चोरी, 5वीं फेल गिरोह की करतूत, सरगना है जमानत पर, आईआईटी अधिकारियों के पास भी नहीं इसकी रोकथाम नहीं
नई दिल्ली. अवैध सॉफ्टवेयर से ट्रेनों के तत्काल टिकट बुक हो रहे है। एक आम यात्री जितनी देर में आरआईसीटीसी ऐप पर डिटेल भर पाता है उससे भी कम समय में यह साफ्टवेयर टिकट बुक कर देते है। 25-30 सेकेण्ड्स में एक टिकट बुक हो जाती है। फिर इन टिकट्स को 300-500 रूपये तक का कमीशन लेकर बेच दिया जाता है। फेस्टिवल टाइम में कमीशन 4 गुना तक हो जाता है। इस नेक्सस को चलाने वाले 5वीं फेल है। वही जिन अधिकारियों पर धांधली रोकने का दायित्व है वह आईआईटी-आईआईएम जैसे संस्थानों से पढ़ाई की है। लेकिन गड़बड़ी को बन्द नहीं में सफल नहीं हो पा रहे है।
2-3 माह में नई पहचान, ऐसे बदलते है सॉफट्वेयर, वेबसाइट और बैंक अकाउंट
कभी नेक्सस में शामिल रहे एजेंट ने बताया है कि गैंग का सरगना हर 2-3 माह में साफ्टवेयर के नाम, वेबसाइट और बैंक अकाउंट और मोबाइल नम्बर तक बदल देता है। ताकि किसी भी तरह की ट्रैकिंग से बचा जा सकता है। उपयोग किये जाने वाले नम्बर पूरी तरह से फर्जी होते हैं। जबकि पैसों के लेन-देन के लिये म्यूल अकाउंट्स यानी लालच देकर या फर्जी तरीके से बनाये गये खातों का उपयोग किया जाता है। फिलहाल टेस्ला, गदर, स्टारलिंक, स्पेसएक्स, सुपरमैन, बीएमडब्ल्यू, और थंडर जैसे नामों से साफ्टवेयर बेचे जा रहे है। जिन्हें सुपर मास्टर से लेकर यूजर तक अलग-अलग स्तर के एजेंट्स को दिया जाता है। जो टिकट बुकिंग काम संभालते है। पूरा नेटवर्क वाट्सऐप और टेलीकॉम ग्रुप्स क माध्यम से संचालित होता है। जहां सॉफ्टवेयर से जुडी जानकारी और अपडेट मैसेज के माध्यम से शेयर किय जाते हैं।
अवैध टिकट खेल के 5 कर्ताधर्ता-ऑपरेटर से लेकर सीबीआई तक ऐसे काम करता है नेटवर्क
ऑपरेटर -यही अवैध सॉफटवेयर चलाते है, डवलपर और ट्रैवल एजेंट्स के बीच की कड़ी है। एजेंटों को अवैध सॉफ्टवेयर का लॉग इन आईडी और पासवर्ड देते है। इससे एजेंट ‘‘तत्काल’’ टिकट खोलते ही तेजी से बुक कर पाते है।
टिकट ऐजेंट -अवैध सॉफ्टवेयर का उपयोग करके टिकट बुक करते है। इसके माध्यम से आईआरसीटीसी वेबसाइट को ऑटोमेटिक एक्सेस करना, कैचपा बाइपास करना और तत्काल टिकट सेकेण्ड्स में बुक कर और कमीशन वसूलते हैं।
सीआरआईएस अवैध सॉफ्टवेयर से बुकिंग रोकने में सेंटर फॉर रेलवे इंफॉर्मेशन सिस्टम यानी सीआरआईएस की तकनीकी भूमिका है। रेलवे के आईटी सिस्टम को डवलप करने, सर्वर लॉग और ट्रैफिक पैटर्न की निगरानी कर संदिग्ध गतिविधियों की पहचान, आईपी ऐड्रेस और यूजर अकाउंट को ब्लॉक करना, केपचा और ओटीपी जैसे सिक्योरिटी पुख्ता करने का जिम्मा है।
आरपीएफ रेलवे प्रॉक्टशन फोर्स यानी कि आरपीएफ पर टिकट दलालों, एजेंट नेटवर्क और अवैध बुकिंग गतिविधियों की पहचान कर कार्यवाही करना, छापे मारना और जांच करने का जिम्मा है।
सीबीआई- इस धांधली से जुडे 3 केस की जांच कर चुकी है। लेकिन अभी तक अपराध को बन्द नहीं करवा सकी। गैग के सरगनाओं को पकड़कर सलाखों के पीछे डालने की जिम्मेदारी है।
सीबीआई ने सलमान-शमशेर के नेक्सस का सरगना बताया
सीबीआई पिछले 14 वर्षो से इसकी जांच कर रही है। 2012 में पहली एफआईआर दर्ज की थी ।तब चौथी पास सलमान, अहमदाबाद के आईटी प्रोफेशनल कुलवीर सिंह, सतीश तिवारी और सीताराम निषाद को गिरफ्तार किया था। एजेंसी ने चार्जशीट में यूपी के सलमान अहमद खान और शमशेर आलम को अवैध सॉफ्टवेयर से टिकट बुकिंग का किंगपिन बताया था ।सलमान को 2018 और शमशेर को 2023 में भी पकड़ा गया।इससे साबित होता है कि दोनों अभी भी नेक्सस चला रहे है। अलग-अलग मामलों में सीबीआई अभी तक 4 बार केस दर्ज कर चुकी है। लेकिन न नेक्सस बन्द हुआ और न कोई केस अंजाम तक पहूंचा है।
पैसा कैसे कमाते है
टिकट बुकिंग का नेक्सस
1. तरीका
फेक नंबर, बार-बार नाम/वेबसाइट/अकाउंट
बदलकर सिस्टम से बचते हैं2. पैसा
मूल अकाउंट्स यानी (फर्जी/दूसरों के नाम वाले
अकाउंट) में पेमेंट3. टूल
टेस्ला | गदर | स्टारलिंक | स्पेसएक्स | सुपरमैन |
BMW | थंडर4. नेटवर्क
सुपर मास्टर मास्टर एडमिन सेलर यूजर
(हर लेवल पर एजेंट टिकट बुक करता है)5. ऑपरेशन
वॉट्सएप, टेलीग्राम ग्रुप्स
यहाँ डील, बातचीत और डेटा शेयर
किसका, क्या रोलऑपरेटर
सॉफ्टवेयर + लॉगिनएजेंट
तेज बुकिंग + कमीशनCRIS
निगरानी + ब्लॉकRPF
छापा + कार्रवाईCBI
जांच + गिरफ्तारी
1. तत्काल बुकिंग की नई नीति• केवल आधार सत्यापित यूजर ही तत्काल ई-टिकट बुक कर सकेंगे
• ARP बुकिंग का समय: सुबह 8 से 10 बजे (12 अक्टूबर 2025 से)रोजाना टिकट बुकिंग का आंकड़ा
• IRCTC द्वारा औसतन 14.69 लाख ई-टिकट रोजाना बुक किए जाते हैं (सितंबर–नवंबर 2025)
• इनमें से 16.95% यानी लगभग 2.49 लाख टिकट तत्काल कोटे के होते हैं2. पेमेंट सिस्टम क्या हैफाइल के अनुसार पेमेंट लिए जाते हैं:
• UPI
• QR कोड
• Merchant scanner
उदाहरण UPI ID:
classic100@ybl3. रेलवे का सिस्टम क्या है
चेक और वेलिडेशनएजेंट बुकिंग पर रोक
• ARP यानी एडवांस रिजर्वेशन पीरियड (जनरल कोटा) के लिए सुबह 8 से 8 बजे 10 मिनट
• तत्काल (AC/Non-AC) के लिए सुबह 10 से 10 बजे 30 मिनट और 11 से 11 बजे 30 मिनट (डिफेंस को छोड़कर)
• एक यूजर आईडी से जनरल कोटा में 2 टिकट (08:00-10:00 बजे)
• एक यूजर आईडी से तत्काल में 2 टिकट (10:00-12:00 बजे)
• ARP और तत्काल समय में विदेशी IP एड्रेस ब्लॉक
• 08:00 से 12:00 बजे के बीच एक लॉग-इन में सिर्फ एक बुकिंग (रिटर्न/ऑनवर्ड को छोड़कर)
• एजेंट को एक दिन, एक ट्रेन में केवल एक तत्काल टिकट4. किसका, क्या रोलऑपरेटर
सॉफ्टवेयर + लॉगिन एजेंट
तेज बुकिंग + कमीशन CRIS
निगरानी + ब्लॉक RPF
छापा + कार्रवाई CBI
जांच + गिरफ्तारी5. टिकट बुकिंग कैसे होती हैएजेंट सॉफ्टवेयर लॉगिन करता है। सॉफ्टवेयर पहले से:
• ट्रेन • यात्री • भुगतान ऑटो-फिल कर देता हैतत्काल खुलते ही:
सॉफ्टवेयर Captcha bypass करता है मिली सेकंड में टिकट बुक

