लाल किले के पास फंसे थे 200 कलाकार, पुलिस व सीआरपीएफ ने रेस्क्यू कराया
नई दिल्ली. किसानो की ओर से दिल्ली में निकाली गई ट्रैक्टर परेड नियंत्रण से बाहर हो चुके किसानों ने दिल्ली में आईटीओ, लाल किला समेत कई हिस्सों पर कब्जा कर लिया और वहां जमकर हिंसा फैलाई। आपे से बाहर हो चुके प्रदर्शनकारी किसानों की चपेट में 200 आर्टिस्ट भी आ गए। देश के अलग-अलग हिस्सों में रहने वाले ये आर्टिस्ट गणतंत्र दिवस समारोह 2021 में भाग लेने के लिए दिल्ली आए हुए थे। जब किसानों ने लाल किले पर तांडव किया तो वे कलाकार पास में ही दरियागंज की जीओ मेस में मौजूद थे।
प्रदर्शनकारी किसानों ने कई घंटे तक लालकिले पर उपद्रव मचाया और उन्हें काबू में रखने के लिए दिल्ली के अलग-अलग हिस्सों में पुलिस फोर्स इलाके में भेजी गई साथ ही आसपास की सड़कों को भी ट्रैफिक के लिए बंद कर दिया गया। इन कलाकारों को जीओ मेस से धौला कुआं में बनी राष्ट्रीय रंगशाला में पहुंचना था लेकिन बाहर के माहौल को देखते हुए उन्हें अनुमति नहीं मिली।
ये 200 कलाकार करीब 4 घंटे तक कंपकंपाने वाली ठंड में जीओ मेस में ठिठुरते रहे। बाहर हिंसा का नंगा नाच देख उनमें से कलाकार डर से कांप रहे थे। दोपहर 12 बजे से जीओ मेस में फंसे इन कलाकारों को हालात नियंत्रण में आने पर शाम के करीब 4 बजे वहां से निकाला गया इसके बाद उन्हें दिल्ली पुलिस और सीआरपीएफ जवानों की सुरक्षा में वहां से निकालकर धौला कुआं के राष्ट्रीय रंगशाला शिविर में पहुंचाया गया।

