डेंगू जाँच रिपोर्ट न भेजने वाले निजी अस्पताल व लैब के खिलाफ कार्रवाई करें- संभाग आयुक्त
ग्वालियर, जो प्रायवेट अस्पताल, नर्सिंग होम व पैथोलॉजी डेंगू मरीजों की रिपोर्ट न दें, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। साथ ही इन सभी को स्पष्ट रूप से आगाह कर दें कि डेंगू की जांच निर्धारित प्रोटोकॉल के तहत एलाइजा पद्धति से ही करें। इस आशय के निर्देश संभागीय आयुक्त मनोज खत्री ने संभागीय अंतर विभागीय समन्वय बैठक में संयुक्त संचालक स्वास्थ्य एवं मुख्य चिकित्सा व स्वास्थ्य अधिकारी को दिए। बैठक में रबी फसल के लिए आदान व्यवस्था, खाद्य पदार्थों में मिलावट पर रोक, नल-जल योजनाओं की पाइप लाइन बिछाने से क्षतिग्रस्त हुई सड़कों की मरम्मत तथा सहकारिता, उद्यानिकी, मत्स्य व पशु पालन विभागों की गतिविधियों की समीक्षा भी संभाग आयुक्त ने की।
गुरुवार को संभाग आयुक्त कार्यालय के सभागार में आयोजित हुई बैठक में संभागीय आयुक्त ने यह भी निर्देश दिए कि नोटिस दिए जाने के बावजूद जिन नर्सिंग होम्स ने नगर निगम से फायर एनओसी प्राप्त नहीं की है, उन्हें अंतिम नोटिस देकर लायसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की जाए। स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान निर्देश किए कि कोचिंग संस्थानों में भी डेंगू से बचाव के प्रख्ता प्रबंध कराए जाएं। इस संबंध में कोचिंग संचालकों की बैठक लेकर उन्हें डेंगू व मच्छर जनित अन्य बीमारियों से बचाव से संबंधित प्रोटोकॉल की जानकारी दी जाए। उन्होंने कहा शहर में जो बस्तियां डेंगू से अत्याधिक प्रभावित हैं, उन बस्तियों में लार्वा नष्ट करने के साथ-साथ जन जागरण कार्यक्रम भी चलाएं। साथ ही डेंगू नियंत्रण अभियान को और तेज करने पर बल दिया। श्री खत्री ने डेंगू से हुई मृत्यु की ऑडिट कराने के निर्देश भी दिए।
खाद पदार्थों में मिलावट को सख्ती से रोकें
संभाग आयुक्त ने खाद्य सुरक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए कि ग्वालियर सहित संभागभर में मावा सहित अन्य दुग्ध पदार्थों, मसाले एवं अन्य खाद्य सामग्री के परिवहन पर कड़ी निगाह रखें। बगैर सेंपल लिए खाद्य पदार्थों का परिवहन न हो। इस संबंध में रेलवे, आरटीओ व बस ऑपरेटर्स को भी बता दें कि मावा सहित अन्य खाद्य पदार्थों के परिवहन की सूचना खाद्य सुरक्षा प्रशासन विभाग को अवश्य दी जाए, जिससे सेंपल लेने की कार्रवाई की जा सके।

