ऑपरेशन सिंदूर में भारत ने POK क्यों वापिस नहीं लिया तो पीएम मोदी ने दिया दो टूक जवाव
नई दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंगलवार को संसद के मानसून सत्र के 6वें दिन लोकसभा को संबोधित किया। इस बीच उन्होंने कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों द्वारा ऑपरेशन सिंदूर और पहलगाम हमले को लेकर उठाये गये सवालों का जवाब दिया। प्रधानमंत्री ने कांग्रेस के सवाल ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पीओके वापिस क्यों नहीं लिया। इस पर भी जवाब दिया। पीएम मोदी ने लोकसभा में अपने भाषण के दौरान पाकिस्तान को कड़ा संदेश देते हुए कहा कि भारत आतंकवाद का हर कीमत पर समाप्त करने के लिये प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत की सेनाओं ने तय समय पर लक्ष्यों को निशाना बनाया और अपने अभियान को सफलतापूर्वक अंजाम दिया।
पाकिस्तान की नादानी सेना ने दिया करारा जवाब
प्रधानमंत्री ने आरोप लगाया है कि पाकिस्तान ने आतंकवादियों के साथ खड़े होकर एक बड़ी गलती की हम पूरी तरह तैयार थे। पाकिस्तान ने जब मैदान में उतरने की कोशिश की तो हमारी सेना ने उसे ऐसा जवाब दिया तो सालों तक याद रखा जायेगा।
अकसाई चिन को बंजर जमीन बताकर खो दिया
प्रधानमंत्री ने कहा कि आज़ादी के बाद कुछ फैसले ऐसे लिए गए जिनकी सजा देश आज तक भुगत रहा है. उन्होंने कहा कि अकसाई चिन जैसे क्षेत्र को ‘बंजर जमीन’ कहकर छोड़ दिया गया और इसके चलते भारत को 38,000 वर्ग किलोमीटर ज़मीन गंवानी पड़ी.
PoK क्यों नहीं लिया वापस?
कांग्रेस ने सरकार से सवाल पूछा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान से PoK (पाकिस्तान ऑक्यूपाइड कश्मीर) वापस क्यों नहीं लिया? जिसके जवाब में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा यह ऑपरेशन इतिहास में एक बड़ी उपलब्धि के रूप में दर्ज हो गया है. पीएम मोदी ने कहा कि आज जो लोग पूछ रहे हैं कि पीओके को वापस क्यों नहीं लिया, उन्हें पहले इस बात का जवाब देना चाहिए कि पीओके पर पाकिस्तान को कब्ज़ा करने का अवसर किसकी सरकार ने दिया था. उन्होंने नेहरू पर निशाना साधते हुए कहा, ‘जब मैं नेहरू जी का नाम लेता हूं, कांग्रेस और उसका पूरा इकोसिस्टम बौखला जाता है’.

