आत्मनिर्भर मध्य प्रदेश के लक्ष्यों की समीक्षा के लिए सरकार ने बनाए मंत्री समूह
भोपाल. आत्मनिर्भर मध्य प्रदेश और अमृतकाल 2047 से संबंधित लक्ष्यों की नियमित समीक्षा होगी। इसके लिए सरकार ने चार मंत्री समूहों का गठन किया। इन्हें प्रतिमाह कम से कम एक बैठक करके निर्धारित लक्ष्यों की पूर्ति के लिए किए जा रहे कामों की समीक्षा करके प्रतिवेदन तैयार करना होगा। अटल बिहारी वाजपेयी सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान भोपाल बैठकों से जुड़ी व्यवस्थाओं में सहयोगी की भूमिका निभाएगा।
आत्मनिर्भर मध्य प्रदेश और अमृतकाल के लक्ष्यों की पूर्ति के लिए मंत्रियों ने दिनभर विशेषज्ञों और अधिकारियों के साथ मंथन किया। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने नियमित समीक्षा करने पर जोर दिया था। इसे देखते हुए सामान्य प्रशासन विभाग ने अधोसंरचना, अर्थव्यवस्था, सुशासन और स्वास्थ्य एवं शिक्षा विषय पर मंत्री समूहों का गठन किया है। समूह का दायित्व निर्धारित लक्ष्यों की पूर्ति सुनिश्चित करवाना होगा।
अधोसंरचना
गोपाल भार्गव, तुलसीराम सिलावट, भूपेंद्र सिंह, गोविंद सिंह राजपूत, प्रद्युम्न सिंह तोमर, उषा ठाकुर और हरदीप सिंह डंग। समन्वयक- अपर मुख्य सचिव जल संसाधन ।
सुशासन
डा. नरोत्तम मिश्रा, बिसाहूलाल सिंह, मीना सिंह मांडवे, डा.महेंद्र सिंह सिसौदिया, प्रेम सिंह पटेल, अरविंद भदौरिया और रामखेलावन पटेल। समन्वयक- अपर मुख्य सचिव सामान्य प्रशासन ।
अर्थव्यवस्था
विजय शाह, जगदीश देवड़ा, कमल पटेल, बृजेंद्र प्रताप सिंह, ओमप्रकाश सकलेचा, राजवर्धन सिंह दत्तीगांव, सुरेश धाकड़ और ओपीएस भदौरिया। समन्वयक- अपर मुख्य सचिव वित्त ।
स्वास्थ्य एवं शिक्षा
यशोधरा राजे सिंधिया, विश्वास सारंग, डा. प्रभुराम चौधरी, डा.मोहन यादव, भारत सिंह कुशवाहा, इंदर सिंह परमार, रामकिशोर कांवरे और बृजेंद्र सिंह यादव। समन्वयक- अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य।

