मप्र के नए महाधिवक्ता बने प्रशांत सिंह
भोपाल. प्रदेश के वरिष्ठ अधिवक्ता और पूर्व में अतिरिक्त महाधिवक्ता की जिम्मेदारी संभाल चुके प्रशांत सिंह अब मध्यप्रदेश के नए महाधिवक्ता होंगे। बुधवार को मप्र शासन, विधि और विधायी कार्य विभाग के प्रमुख सचिव गोपाल श्रीवास्तव ने इसकी जानकारी दी। सरकार की अनुशंसा पर राज्यपाल ने उनके नाम को मंजूरी दी। नए नियुक्त किए गए महाधिवक्ता प्रशांत सिंह एक-दो दिन में अपना पद संभाल सकते हैं। मूलत: लखनऊ के मोहन लालगंज के रहने वाले प्रशांत सिंह ने जबलपुर क्राइस्टचर्च से स्कूली शिक्षा पूरी की है। वहीं रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय से आगे की पढ़ाई पूरी की है। वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत सिंह आरएसएस के प्रांत संघचालक भी रह चुके हैं। व्यवहार से सौम्य प्रशांत सिंह कानून के अच्छे जानकारी माने जाते हैं। सांसद राकेश सिंह ने उनकी नियुक्ति पर बधाई दी है।
1992 में शुरू की थी वकालत
वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत सिंह ने 1992 में पूर्व महाधिवक्ता रविनंदन सिंह के मार्गदर्शन में वकालत की शुरूआत की थी। 1996 में स्वतंत्र वकालत शुरू कर दी। आगे चलकर पैनल लाॅयर फिर अतिरिक्त महाधिवक्ता बनाए गए, लेकिन राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के संकल्प महाशिविर की जिम्मेदारी निभाने के लिए इस पद से इस्तीफा दे दिया।
विहिप व संघ के महत्वपूर्ण पदों पर रह चुके हैं
विश्व हिन्दू परिषद व राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ में कई महत्वपूर्ण दायित्व निभा चुके श्री सिंह फिलहाल आरएसएस के महाकौशल प्रांत के संघ प्रचारक हैं। राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ से गहरे जुड़ाव के कारण देश और प्रदेश के विधि जगत के समान विचारधारा के विधिवेत्ताओं के बीच भी उनकी खासी पैठ है। मिलनसार व्यक्तित्व के धनी प्रशांत सिंह जबलपुर के वकीलों के बीच लोकप्रिय हैं।

