एसी से लगी आग में बहू की मौत, पिता को हार्टअटैक, 5 का रेस्क्यू और 10 फायरबिग्रेड मौके पर

ग्वालियर. कोतवाली थाना इलाके में रविवार की शाम को लगभग 4 बजे एक व्यापारी के घर में आग लग गयी। आग लगते ही घर से तेज धुआं और लपटें उठने लगी। उस वक्त घर के अंदर परिवार के 6 लोग मौजूद थे। इनमें से 5 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। जबकि बहू की मौत हो गयी।

आग की खबर मिलते ही फायरब्रिगेड और पुलिस की टीम घटनास्थल पर पहुंची तो फायर ब्रिगेड कर्मियों ने रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। खिड़क्रियां तोड़कर घर के भीतर पहुंचे। इसके बाद भीतर फंसे लोगों को बाहर निकाला गया। मृतक के पिता अशोक अग्रवाल को हार्टअटैक आया है। अपोलो अस्पताल में उपचार चल रहा है। कलेक्टर रूचिक चौहान ने बताया है कि शुरूआती जानकारी के अनुसार घर में एसी ऑन किया गया था। इसी बीच आग लग गयी। धीरे-धीरे पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया। एसडीआरएफ भी घर के अन्दर पहुंच गयी है। आग बुझाने का प्रयास कर रही है।
एसी में आग लगने की मुख्य वजह क्या है?
गर्मी का मौसम शुरू होते ही एसी का इस्तेमाल बढ़ जाता है, लेकिन अक्सर लोग इसे बिना सर्विस कराए या उसकी तकनीकी हालत जांचे बगैर चालू कर देते हैं। ऐसे में जरा सी लापरवाही बड़ा खतरा बन सकती है। असल में, एसी एक हाई-पावर इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस है। अगर इसमें कोई तकनीकी गड़बड़ी हो या इस्तेमाल में सावधानी न बरती जाए तो आग लगने का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।
महिला की जान दम घुटने से
ऐसा बताया जा रहा हैकि मकान में कारोबारी परिवार के 3 भाई गिर्राज, हरिओम और दिनेश एक साथ रहते है। आग लगने के वक्त परिवार के सभी सदस्य घर के अन्दर थे। स्थानीय लोगों ने भी फायर बिग्रेड कर्मियों के साथ मिलकर राहत और बचाव कार्य में सहायता की। इस बीच घर में धुआं भर जाने की वजह से अंकित पत्नी सचिन अग्रवाल का दम घुट गया। पहले नजदीकी अस्पताल ले जाया गया। जहां से बेहतर उपचार के लिये अपोलो अस्पताल रेफर कियिागया। उपचार के दौरान अंकिता की मौत हो गयी।
मंत्री और विधायक मौके पर पहुंचे
घटना की सूचना मिलते ही एसपी धर्मवीर सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। स्थिति का जायजा लिया। क्षेत्रीय विधायक सतीश सिकरवार और ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर भी मौके पर पहुंचे और अधिकारियों से जानकारी ली।आग बुझाने के लिए फायर ब्रिगेड की 10 से अधिक गाड़ियां लगाई गईं। इसके अलावा टैंकरों से भी पानी की सप्लाई की गई। काफी मशक्कत के बाद कुछ हद तक आग पर लगभग काबू पा लिया गया है। हालांकि ऊपरी मंजिलों पर फिर से लपटें अभी भी उठने लगी हैं। प्रशासन का कहना है कि एरिया बेहद कंजेस्टेड है। यहां प्रॉपर गाड़ियां नहीं जा पा रही हैं। जिसके कारण आग बुझाने में देरी हो रही है। फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। प्रशासन मामले की जांच कर रहा है।

