ग्वालियर बनेगा तीसरा मेट्रोपॉलिटन रीजन बनेगा, एरिया 2900 किमी होगा

ग्वालियर. एमपी का तीसरा मेट्रोपॉलिटन रीजन ग्वालियर को बनाया जा रहा है। पहले प्रस्ताव के अनुसार 4 जिलों ग्वालियर, मुरैना, दतिया और भिंड के 2900 वर्ग किलोमीटर इलाके को इसमें शामिल किया जा सकता है। 3 औद्यौगिक इलाके को भी इसमें शामिल किया जा सकता है। दरअसल, ग्वालियर मेट्रोपॉलिटिन एरिया का पहला प्रस्ताव 6 साल पूर्व 2019 में बना था ।तब टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग को यह काम दिया गया था।
विधानसभा के विशेष सत्र में 17 दिसम्बर को मुख्यमंत्री ने कहा है कि इन्दौर व भोपाल के बाद अब ग्वालियर और जबलपुर को भी मेट्रपॉलिटन एरिया बनायेंगे और इसके साथ ही ग्वालियर में चर्चा शुरू हो गयी है कि कितना और कौन सा एरिया शामिल होगा। हालांकि अब नये सिरे से प्लान बनेगा। इसमें काफी समय लगेगा। लेकिन मेट्रो सिटी एरिया का एक प्लान पहले बन चुका है। तब टाहउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग को यह जिम्मेदारी सौंपी गयी थी। उस वकत के टाउन एंड कंट्री प्लानिंग के अधिकारी वीके शर्मा ने यह पूरा प्लान बताया है। चूंकि यह पूरा प्लान इंवेस्टमेंट रीजन के हिसाब से बनाया गया था। इसलिये इसमें मुरैना के बानमोर और सीतापुर, भिंड के मालनपुर इंडस्ट्रियल एरिया शामिल किया गया था।

नये वर्ष में कैबिनेट की बैठक ग्वालियर में है प्रस्तावित, नया प्लान जल्द सामने आये
ग्वालियर में अटल जी की स्मृति में एक कैबिनेट बैठक नये साल में प्रस्तावित है। अधिकृत सूत्रों के अनुसार इस इलाके के डवलपमेंट के प्लान की इस बैठक में रखे जाने है। सीएम ने कहा भी है कि 2026 में ग्वालियर को मेट्रोपॉलिटन एरिया बना देंगे। इसलिये अनुमान है कि जल्द ही पूरा नया प्लान सामने आ जायेगा।

प्रस्ताव में ग्वालियर, मुरैना, भिंड और दतिया के ये क्षेत्र शामिल
मेट्रोपोलिटन सिटी योजना में चारों जिले पूरी तरह से शामिल नहीं होंगे। सिटी के भविष्य के विकास को ध्यान में रखकर नेशनल हाइवे, स्टेट हाइवे और रेल मार्ग के आसपास के क्षेत्रों को ज्यादा शामिल किया जाएगा।
दतिया जिला: शहर एवं आस-पास के हिस्से जो नेशनल हाइवे के आसपास बसा हुआ है। इसको शामिल किया जा सकता है। इसका अंतिम छोर मप्र-उप्र की सीमा तक रहेगा।
भिंड जिला : इस जिले के मालनपुर और गोहद को मेट्रोपोलिटन सिटी में जगह मिलने की उम्मीद है।
मुरैना जिला: बानमोर, मुरैना, जौरा, चंबल नदी सड़क पुल तक का हिस्सा योजना में शामिल होगा।
ग्वालियर जिला: ग्वालियर शहर के अलावा डबरा, पिछोर, बिलौआ, आंतरी, घाटीगांव के क्षेत्र भी मेट्रोपोलिटिन क्षेत्र में शामिल किए जा सकते हैं। इन क्षेत्रों का प्रस्ताव पहले प्लान में था।

